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… और अंत में जशोदा बेन
अब यही बचा था। जो बात सब जानते हैं, वह बात कब, कैसे जाननी चाहिए, यह दिखाने के लिए बहस के औजार निर्मित करना बहुत बड़ा व्यवसाय है। राजनीति...
Yashwant Vyas
Apr 14, 20143 min read


चुनाव के धंधे में एक्सक्लूसिव इंटरव्यू
चुनाव के धंधे में दो या तीन काम बहुत मुस्तैदी से होते हैं। पहला सर्वे, दूसरा ग्राउंड रिपोर्ट और तीसरा बहस। बहस करने के लिए लगातार वाक्य...
Yashwant Vyas
Apr 6, 20144 min read


मीडिया की मल्टीस्टोरी
चुनाव का वक्त है। एक धनबली से मुलाकात हुई। उनकी जबर्दस्त इच्छा हो रही थी कि मीडिया के धंधे में उतर जाएं। उनका अनुभव कहता था कि चुनाव के...
Yashwant Vyas
Mar 30, 20144 min read


चुनाव की पूर्व संध्या पर चिढ़ा कवि
कवि को दंगे प्रिय हैं। इससे वह दंगे के विरुद्ध चार मीटर लंबी कविता लिख सकता है और उससे भी दस गुना बड़ा हस्ताक्षरित बयान जारी कर सकता है।...
Yashwant Vyas
Mar 2, 20143 min read


किस खिड़की से कितनी बार…
जहां तक मुझे पता है, लोग खिड़कियों के नाम से काफी भावुक रहते हैं। खिड़कियां खोल देने और एक से दूसरी तरफ हवा चले जाने की प्रतीक्षा में कई...
Yashwant Vyas
Feb 23, 20143 min read


प्रमाण का निर्माण
इतने दिनों सरकारी खर्चे से देश को बताना पड़ रहा है कि प्रमाण देखो। हिंदुस्तानी हुक्मरान इतने बुरे वक्त से पहली बार गुजरे जब निर्माण करके...
Yashwant Vyas
Feb 9, 20144 min read


सूची के आगे दो सूची
केजरीवाल ने एक सूची जारी की है। इसमें बताया गया है कि पच्चीस राजनीतिक हीरो भ्रष्ट हैं। अगर इनका निपटना निश्चित हो जाए, तो देश किनारे लगे।...
Yashwant Vyas
Feb 6, 20143 min read


गणतंत्र के वेड़े,येड़े और पेड़े
एक स्तंभकार ने, जो कि अंग्रेजी के धुरंधर बिकाऊ लेखक भी कहे जाते हैं, देश को बताया कि ‘आप’ यानी आम आदमी पार्टी राजनीति की आइटम गर्ल है।...
Yashwant Vyas
Jan 27, 20143 min read


विचारों के उत्सव की मुंडेर और झूठ के कौए
तरुण तेजपाल के तहलके का प्रतीक चिन्ह है-कौआ। इसके पीछे निहित संदर्भ यह है कि झूठ बोलने वाले को कौआ काटता है। हिंदी फिल्मों तक में नायिका...
Yashwant Vyas
Dec 1, 20134 min read


प्याज की सेंचुरी प्याज का संन्यास
क्या तूमार बंधा साहब! सचिन संन्यास को प्राप्त हो गए। आईपीएल के कुल धंधे से आधा धंधा इस अकेले धंधे से हो गया। माना कि क्रिकेट इस देश का...
Yashwant Vyas
Nov 23, 20134 min read


फिर छिड़ी बात सट्टे की
एक्जिट पोल या ओपिनियन पोल से ज्यादा तगड़ी चीज सट्टा है। मेरे एक साथी ओपिनियन पोल के रिजल्ट पर सट्टा लगाकर तीन लाख जीत गए। उन्होंने मेरे...
Yashwant Vyas
Nov 10, 20133 min read


लीला ही लीला
कोई व्यक्ति जाता है, तो अपने साथ एक समूचा संसार नहीं ले जाता। वह फिर-फिर अपनी परछाइयों और संवेदनाओं के साथ अपने संसार में लौटता है। उसके...
Yashwant Vyas
Oct 29, 20133 min read
आईएसआई एजेंट से बातचीत
धूप तेज थी, पर हवा ठंडी थी। पत्ते हरे थे, पर पीलेपन से आक्रांत थे। गेट था, पर खुला था। घास थी पर छितरी हुई थी। चाय थी, पर पानी नहीं था।...
Yashwant Vyas
Oct 27, 20133 min read
दिव्य चक्षु काम पर हैं
बाबा जी के दिव्य चक्षुओं ने सपने में देखा कि उन्नाव के एक मंदिर में खजाना गड़ा है और सरकारी अमला उन दिव्य चक्षुओं के भरोसे काम पर लग गया।...
Yashwant Vyas
Oct 19, 20133 min read


गरीब की दिलचस्पी
साधु महाराज अंदर हो गए। मुजफ्फरनगर का बवाल खत्म हुआ। यह तूफान भी निकल जाएगा तब क्या करेंगे? कुछ लोग इसी तरह अपनी तलाश जारी रखते हैं।...
Yashwant Vyas
Oct 12, 20133 min read


आज की गायत्री की बात करें
देश ‘नॉनसेंस क्रांति’ का आनंद ले रहा है। गुड़गांव की जमीनों से लेकर तिहाड़ की दीवारों तक फिक्स मैच की तालियां गूंज रही हैं। ऐसे में यदि...
Yashwant Vyas
Sep 28, 20133 min read


कालूखेड़ा में बैठकर अमेरिका को मारना
होम लोन की ईएमआई फिर बढ़ गई। केदारनाथ के करीबी एरिया में एक गरीब बहे हुए मकान के मुआवजे के लिए घूम रहा है और एक चालू होटल वाले को पेट भर...
Yashwant Vyas
Sep 23, 20133 min read


संत श्री आडवाणी जी के नाम एक गुमनाम चिट्ठी
श्रद्धेय संत प्रवर, इस बार का प्रणाम इसलिए है कि आप परमसंत दिखाई दे रहे हैं। ऐसा संत जो अयोध्या के पानी में पटना की धर्मनिरपेक्षता घोलकर...
Yashwant Vyas
Sep 15, 20133 min read


पब्लिक का जेलयोग कब आएगा?
पुलिस इतनी विनम्र और भली है कि उनकी इस भावना को गहरे तक समझते हुए रिश्वत का रेटकार्ड प्रकाशित कर देती है। जो इसे पढ़ नहीं पाते वे घबराहट...
Yashwant Vyas
Sep 9, 20133 min read


लगभग बाबा और पूरा बाबा
आदमी बाबा क्यों हो जाता है? बाबा और बॉबी में क्या कोई अंतर्सम्बंध है? या बांबी, जो सांप की होती है, बाबा से बिगड़ कर बनती है? क्या सभी...
Yashwant Vyas
Aug 31, 20133 min read
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